Saturday, March 18, 2023

aao baitho

आओ बैठो नई शुरुआत करते है ,
हम भूत को छोड़ भविष्य की बात करते है ।

बहुत भूले हुई है तुमसे और मुझसे ,
चलो अब उन भूलों को भुला हम प्यार करते है ।१।

आओ बैठो ••

मैं मैं तू तू बहुत खेला है हमने ,
चलो अब "हम" से शुरुआत करते है ।२।
आओ बैठो ••

कई बसंत आए गए बिना फूलों के ,
चलो पतझड़ में भी खुशबुओं को याद करते है ।३।
आओ बैठो...


सर्दी, गर्मी गुजारी है , हमने दौड़ धूप में,
चलो इस सावन में हम दिल को साफ करते है ।४l

आओ बैठो ••
प्रदीप देवानी ~pd

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